लोक भवन में योगाभ्यास करते राज्यपाल गुरमीत सिंह
उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) ने लोक भवन में आयोजित सामूहिक योग सत्र में प्रतिभाग कर योग साधकों को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं दीं। इस दौरान उन्होंने योग को जीवन में संतुलन, शांति और स्वास्थ्य का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। राज्यपाल ने कहा कि आज की तेज़ रफ्तार जिंदगी में जब दुनिया मानसिक और शारीरिक संतुलन की तलाश कर रही है, ऐसे समय में योग मानवता को शांति और स्वस्थ जीवन का मार्ग दिखा रहा है।
योग देता है शरीर और मन को नई ऊर्जा
राज्यपाल ने कहा कि योग केवल व्यायाम नहीं है, बल्कि यह एक ऐसी जीवन पद्धति है जो व्यक्ति के शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करती है। नियमित योगाभ्यास से न केवल शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर होता है, बल्कि मानसिक तनाव भी कम होता है और जीवन में सकारात्मकता आती है। उन्होंने सभी लोगों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
योग की वैश्विक पहचान भारत की बड़ी उपलब्धि
राज्यपाल ने कहा कि भारत की प्राचीन योग परंपरा आज पूरी दुनिया में लोगों को स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने की प्रेरणा दे रही है। करोड़ों लोग योग को अपनाकर इसके लाभ प्राप्त कर रहे हैं, जो भारतीय ज्ञान परंपरा की वैश्विक स्वीकृति का प्रमाण है।
योग साधकों को दी शुभकामनाएं
लोक भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल ने सभी योग प्रशिक्षकों, साधकों और प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए उनके स्वस्थ, सुखी और संतुलित जीवन की कामना की। उन्होंने कहा कि योग का संदेश केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसे जीवन का स्थायी हिस्सा बनाना चाहिए।
