देहरादून: स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देहरादून के परेड ग्राउंड में आयोजित राज्य स्तरीय मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ध्वजारोहण कर प्रदेशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। समारोह का शुभारंभ राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के सामूहिक गायन से हुआ। इसके बाद मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ का सामूहिक गायन हुआ।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले अमर शहीदों, वीर बलिदानियों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को नमन किया। उन्होंने देश की सीमाओं की रक्षा कर रहे वीर सैनिकों, अर्धसैनिक बलों और पुलिस के बहादुर जवानों के प्रति भी कृतज्ञता व्यक्त की।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों का सम्मान
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों को सम्मानित किया। उन्होंने कार्यक्रम स्थल पर लगाई गई फोटो प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। इस अवसर पर पुलिस विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मुख्यमंत्री सराहनीय सेवा पदक से सम्मानित किया गया। साथ ही राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 13 खिलाड़ियों को भी मुख्यमंत्री ने सम्मानित किया।
आपदा प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है सरकार
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में हाल ही में आई प्राकृतिक आपदाओं का उल्लेख करते हुए प्रभावित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में राज्य सरकार प्रत्येक प्रभावित परिवार के साथ खड़ी है और हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड देवभूमि होने के साथ-साथ वीरभूमि भी है। राज्य सरकार वीर सैनिकों, पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है।
सैनिकों और बलिदानी परिवारों के लिए अहम घोषणाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून में सैन्य धाम का निर्माण किया जा रहा है। बलिदानियों के आश्रितों को मिलने वाली अनुग्रह राशि को 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये किया गया है। वहीं परमवीर चक्र विजेताओं के परिवारों के लिए अनुग्रह राशि 50 लाख रुपये से बढ़ाकर 2 करोड़ रुपये की गई है। इसके साथ ही प्रत्येक बलिदानी परिवार के एक सदस्य को सरकारी सेवा में समायोजित करने तथा सेवारत एवं पूर्व सैनिकों को 25 लाख रुपये तक की संपत्ति खरीद पर स्टाम्प शुल्क में 25 प्रतिशत की छूट दिए जाने की बात कही गई।
10 हजार विद्यार्थियों को मिलेगी निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग
मुख्यमंत्री ने ‘मुख्यमंत्री युवा भविष्य निर्माण योजना’ का भी उल्लेख किया। इसके तहत सरकारी विद्यालयों में कक्षा 11वीं और 12वीं में पढ़ने वाले प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। पहले चरण में 10 हजार विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा और इसके लिए 7 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है।
खेलों को लेकर भी बड़ा ऐलान
मुख्यमंत्री ने कहा कि 38वें राष्ट्रीय खेलों के सफल आयोजन से उत्तराखंड ने खेलों के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान बनाई है। प्रदेश के खिलाड़ियों ने 103 पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है। उन्होंने बताया कि स्पोर्ट्स लीगेसी प्लान के तहत प्रदेश के 8 शहरों में 23 खेल अकादमियां स्थापित की जाएंगी। इसके साथ ही महिला स्पोर्ट्स कॉलेज के साथ खेल विश्वविद्यालय के निर्माण पर भी कार्य किया जा रहा है।
स्वतंत्रता दिवस पर मुख्यमंत्री की 7 बड़ी घोषणाएं
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रदेश के विकास और जनकल्याण से जुड़ी सात महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं।
- चमोली, पौड़ी और अल्मोड़ा में विशेष औद्योगिक पार्क स्थापित किए जाएंगे।
- प्रदेश में प्रथम युवा आयोग की स्थापना की जाएगी।
- सीमावर्ती गांवों के युवाओं, भूतपूर्व सैनिकों और अग्निवीरों को स्वरोजगार एवं उद्यम स्थापित करने के लिए अतिरिक्त सहायता और प्रोत्साहन दिया जाएगा।
- वर्ग-3 एवं वर्ग-4 की भूमि के विनियमितीकरण की समय-सीमा का विस्तार कर भूमिधरी अधिकार दिए जाएंगे।
- प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत राज्यांश को 50 हजार रुपये से बढ़ाकर 75 हजार रुपये किया जाएगा।
- मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार एवं उद्यमिता प्रोत्साहन योजना के तहत 18 से 30 वर्ष के युवाओं के लिए योजनाएं शुरू की जाएंगी।
- IIT और IIM जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के सहयोग से निःशुल्क उद्यमिता एवं कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा। उद्यम स्थापित करने के लिए बैंक ऋण की 30 प्रतिशत राशि सरकार द्वारा अनुदान के रूप में दी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य उत्तराखंड को विकास, रोजगार, शिक्षा, खेल और स्वरोजगार के क्षेत्र में आगे ले जाना है। स्वतंत्रता दिवस हमें देश के प्रति अपने कर्तव्यों का स्मरण कराता है और सामूहिक प्रयासों से ही विकसित एवं सशक्त उत्तराखंड के संकल्प को साकार किया जा सकता है।
