
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पिथौरागढ़ स्थित बाबू जगजीवन राम मेडिकल कॉलेज का स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों से परियोजना की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं से संवाद कर उनके अनुभव और सुझाव भी जाने। उन्होंने कहा कि इसी शैक्षणिक सत्र से मेडिकल कॉलेज में 50 MBBS सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। इससे क्षेत्र के युवाओं को चिकित्सा शिक्षा प्राप्त करने के बेहतर अवसर मिलेंगे और उन्हें मेडिकल की पढ़ाई के लिए अन्य क्षेत्रों पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी। मेडिकल कॉलेज के संचालन से पिथौरागढ़ और आसपास के सीमांत क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण लाभ मिलने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार दूरस्थ क्षेत्रों तक आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए लगातार काम कर रही है। इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, विधायक बिशन सिंह चुफाल और विधायक फकीर राम टम्टा सहित अन्य संबंधित लोग उपस्थित रहे।
सीमांत उत्तराखंड में चिकित्सा शिक्षा को मिलेगा बढ़ावा
पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज उत्तराखंड के सीमांत क्षेत्रों में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दृष्टि से महत्वपूर्ण है। 50 MBBS सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से स्थानीय युवाओं को चिकित्सा क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। वहीं, मेडिकल कॉलेज के प्रभावी संचालन से क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है। मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करने पर जोर दिया है। अब परियोजना से जुड़ी आगामी प्रगति और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर नजर रहेगी।
