चारधाम यात्रा पर मुख्यमंत्री धामी की उच्चस्तरीय बैठक, अफवाह फैलाने वालों पर सख्ती के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक के दौरान अधिकारियों को चारधाम यात्रा एवं श्री हेमकुंड साहिब यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा, सुविधा तथा सुगम आवागमन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि सोशल मीडिया पर भ्रामक और तथ्यहीन सूचनाएं प्रसारित करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि चारधाम यात्रा और श्री हेमकुंड साहिब यात्रा उत्तराखंड की आस्था, संस्कृति और पर्यटन से जुड़ी महत्वपूर्ण यात्राएं हैं। ऐसे में यात्रियों की सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाओं और यात्रा प्रबंधन को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि यात्रा मार्गों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित की जाएं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने कहा कि सोशल मीडिया के माध्यम से कई बार भ्रामक और तथ्यहीन सूचनाएं प्रसारित की जाती हैं, जिससे अनावश्यक भ्रम और असमंजस की स्थिति पैदा होती है। उन्होंने अधिकारियों को ऐसे तत्वों की पहचान कर उनके विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
‘अतिथि देवो भवः’ हमारी संस्कृति का हिस्सा
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड में सदैव ‘अतिथि देवो भवः’ की परंपरा का पालन किया गया है। हमारे संस्कारों में अतिथियों के सम्मान, सुरक्षा और सेवा का भाव समाहित है। उन्होंने प्रदेशवासियों और यात्रियों से अपील करते हुए कहा कि उत्तराखंड के शांत, सौहार्दपूर्ण और आध्यात्मिक वातावरण का आनंद लें तथा किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रामक जानकारी पर ध्यान न दें।
कर्णप्रयाग और नगरासू घटनाओं की निष्पक्ष जांच
मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्णप्रयाग और नगरासू में सामने आई घटनाओं के संबंध में निष्पक्ष रूप से कार्रवाई की जा रही है। जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि तथ्यों के आधार पर आगे भी आवश्यक और कड़े कदम उठाए जाएंगे ताकि कानून व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द बना रहे।
सामाजिक सौहार्द से कोई समझौता नहीं
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि देवभूमि उत्तराखंड में ऐसा कोई भी कृत्य स्वीकार नहीं किया जाएगा जिससे किसी व्यक्ति की गरिमा को ठेस पहुंचे या किसी धर्म, आस्था और सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचे। उन्होंने कहा कि संवाद, सद्भाव और आपसी विश्वास के माध्यम से ही हर समस्या का समाधान संभव है और राज्य सरकार इसी भावना के साथ कार्य कर रही है।
